हरतालिका तीज का 24 घंटे निर्जला व्रत रखेंगी महिलाएं, व्रत का पारण चतुर्थी के दिन 27 अगस्त को होगा

अखंड सौभाग्य और सुख समृद्धि की कामना के लियें भगवान शिव, माता पार्वती और भगवान गणेश की पूजा करेंगी
वाराणसी। सौभाग्यवती महिलाएं अखंड सौभाग्य की कामना के लियें 24 घंटे का हरतालिका तीज का निर्जला व्रत रखेंगी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर समेत शहर के सभी शिवालयों में महिलाएं पूजन के लिये पहुंचेगी। भगवान शिव, माता पार्वती और भगवान गणेश की पूजा करके अखंड सौभाग्य और सुख समृद्धि की कामना की जाएगी। बाजार में भगवान शिव, पार्वती व भगवान गणेश की प्रतिमाओं के साथ ही सुहाग की सामग्री के दुकानें सज गयी है और खरीददारी भी तेज हो गयी है।ज्योतिषाचार्यो के अनुसार हरतालिका तीज की पूजा में मिट्टी या रजत-सुवर्णादि धातु से निर्मित शिव पार्वती की मूर्ति का पंचोपचार, दशोपचार या षोडशोपचार पूजा करने का विधान है। भगवान शिव के साथ भगवान गणेश की भी पूजा होती है। भगवान को नैवेद्य के रूप में सूखा मेवा, ऋतुफल और मिष्ठान्न अर्पित किए जाते हैं। इसके साथ ही हरतालिका तीज से संबंधित कथा का श्रवण करना चाहिए। शहर के मंदिरों में भी हरतालिका पूजन के लिए तैयारियां एक दिन पूर्व यानी सोमवार को पुरा कर लिया गया था। गौरी केदारेश्वर, तिलभांडेश्वर, जागेश्वर, महामृत्युंजय, गायत्री मंदिर, लक्ष्मीमंदिर के साथ ही वरुणा पार पंचक्रोशी परिक्रमा मार्ग पर दक्षिणेश्वरी काली मंदिर में भी महिलाएं हरतालिका तीज के पूजन के लिए एकत्र होती हैं। व्रत का पारण चतुर्थी के दिन 27 अगस्त को होगा।




