बाढ़ राहत क्षेत्रो से मलवा हटाने और दवा छिड़काव का कार्य युद्धस्तर पर

कोनिया पहुंचे सीएमओ, फीवर ट्रैकिंग कैंप तथा घर घर क्लोरिन गोली के वितरण का कार्य कराया गया

बाढ़ चौकियां पर 1741 ओ आर एस के पैकेट का वितरण किया गया

वाराणसी। डीएम सत्येन्द्र कुमार के निर्देशन में जनपद में बाढ़ कम होते ही बाढ़ राहत क्षेत्र में फैले दुश्वािरियां और होने वाली बीमारी को लेकर अभियान चलाया जा रहा है। सोमवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संदीप चौधरी भी कोनिया क्षेत्र में नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे साफ सफाई की हकीकत जानने पहुंचे । पूरे क्षेत्र में ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव, कूड़ा निस्तारण नगर निगम की टीम द्वारा किए गए कार्यों को देखा। वही डूडा से हायर किए गए घरेलू ब्रीडिंग चेकर्स द्वारा एंटीलार्वा का छिड़काव किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों हेतु नामित किए गए नोडल अधिकारियों ने बाढ़ क्षेत्रों का भ्रमण किया। जिनके द्वारा फीवर ट्रैकिंग कैंप तथा घर घर क्लोरिन गोली के वितरण का कार्य कराया गया।मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संदीप चौधरी ने बताया की प्रभावित क्षेत्रों में मुहल्ले के गणमान्य व्यक्तियों जनप्रतिनिधियों, पार्षद गणों के समन्वय से फीवर एवं मेडिकल कैंप का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सोमवार को कुल पांच कैंप लगाए गए। आशा के द्वारा दस्तक अभियान की तर्ज पर घर घर जाकर बुखार के मरीजों की लाइन लिस्ट बनाई गई। 106 बुखार के मरीजों की कैंप में मलेरिया और डेंगू की जांच हुई जिसमे कोई धनात्मक मरीज नही मिला। अद्यतन कुल 1123 बुखार के व्यक्तियों की जांच की जा चुकी है। आशा द्वारा घर घर भ्रमण के दौरान 11988 क्लोरीन की गोली का वितरण किया गया। अब तक कुल 60796 क्लोरीन गोली का वितरण किया जा चुका है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि वर्तमान में कुल 04 बाढ़ चौकी क्रमश प्राथमिक विद्यालय सलारपुर, सिटी गर्ल्स विद्यालय बड़ी बाजार, प्राथमिक विद्यालय सरैया, प्राथमिक विद्यालय रामपुर ढाब कार्यरत है। जिनपर दो शिफ्ट में 08 चिकित्सकीय टीमें तैनात है। अद्यतन बाढ़ चौकी पर 163 दस्त के मरीजों, 286 चर्म रोग के मरीजों को मिलाकर कुल 2420 मरीजों का उपचार किया जा चुका है। बाढ़ चौकियां पर कुल 1741 ओ आर एस के पैकेट का वितरण किया गया है।जनपद के शहरी क्षेत्रों में हॉट स्पॉट एरिया में घर घर जाकर मच्छरों के लार्वा की ब्रीडिंग जांचने और घरेलू प्रजनन श्रोतो को विनष्ट करने हेतु डूडा के शहरी आजीविका केंद्र से 45 दैनिक ब्रीडिग चेचर्स हायर किए गए है। इन ब्रीडिंग चैकर्स को 16 अगस्त तक बाढ़ प्रभावित मुहल्लों में तैनात किया गया है। ब्रीडिंग चेकर्स द्वारा 1710 घरों की जांच की गई। जांच गए 03 घरों में लार्वा पाया गया। कुल 3215 मच्छर प्रजनन श्रोत विनष्ट किए गए। नोडल अधिकारियों के द्वारा नगर निगम के साथ समन्वय बना कर ब्लीचिंग और एंटीलार्वा स्प्रे का अनुस्रवण किया जा रहा है।




