बलिया में हर बच्चे तक शिक्षा की रोशनी ‘स्कूल चलो अभियान’, परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने थामी कमान
बसंतपुर कंपोजिट विद्यालय में शिक्षा जागरूकता का भव्य आयोजन

- परिवहन मंत्री ने बच्चों संग बैठकर चखा मिड-डे मील
- ‘कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे’ सरकार की प्राथमिकता
- बलिया में मेडिकल कॉलेज के लिए 477 करोड़ की स्वीकृति प्रक्रिया
- 63 एकड़ में बनेगी आधुनिक सुविधाओं से लैस नई जेल
- रोडवेज और स्पोर्ट्स स्टेडियम के लिए 100-100 करोड़ की मंजूरी
- बाईपास, सड़क चौड़ीकरण और स्वास्थ्य सेवाओं के विकास पर जोर
- जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर अभियान को दी नई दिशा
बलिया। जनपद के कंपोजिट विद्यालय बसंतपुर में ‘स्कूल चलो अभियान’ के तहत आयोजित कार्यक्रम शिक्षा के प्रति जागरूकता और सरकारी प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण बनकर उभरा। उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह की गरिमामयी उपस्थिति ने इस आयोजन को विशेष महत्व प्रदान किया। कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल बच्चों को विद्यालय से जोड़ना था, बल्कि समाज में शिक्षा के महत्व को रेखांकित करते हुए यह संदेश देना भी था कि 6 से 14 वर्ष तक का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक भारतीय संस्कृति के अनुरूप मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने मंत्री दयाशंकर सिंह का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। विद्यालय परिसर में उपस्थित बच्चों, अभिभावकों और ग्रामीणों में उत्साह का वातावरण देखने को मिला। मंत्री ने बच्चों के बीच बैठकर मिड-डे मील के तहत तैयार भोजन का स्वाद लिया, जिससे न केवल भोजन की गुणवत्ता का आकलन हुआ, बल्कि बच्चों में आत्मीयता और विश्वास का भाव भी प्रकट हुआ। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई। इस पहल ने न केवल बच्चों का उत्साह बढ़ाया, बल्कि अभिभावकों को भी यह भरोसा दिलाया कि सरकार उनके बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रतिबद्ध है। मंत्री दयाशंकर सिंह ने अपने संबोधन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में वर्ष 2017 के बाद उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में आए सकारात्मक बदलावों का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में आधारभूत संरचना, शिक्षकों की नियुक्ति, डिजिटल संसाधनों और छात्र कल्याण योजनाओं के माध्यम से अभूतपूर्व प्रगति की है। उन्होंने कहा कि ‘स्कूल चलो अभियान’ केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक आंदोलन है, जिसका उद्देश्य प्रत्येक बच्चे को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना है। मंत्री ने केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा ही समाज के सर्वांगीण विकास का आधार है। मंत्री ने बलिया जनपद के विकास कार्यों का भी विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बलिया में मेडिकल कॉलेज के निर्माण के लिए 477 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रक्रिया चल रही है, जो क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा प्रदान करेगी। इसके अतिरिक्त, नारायण पाली में 63 एकड़ भूमि पर आधुनिक सुविधाओं से युक्त नई जेल का निर्माण प्रस्तावित है, जो पुरानी जेलों की तुलना में कहीं अधिक विस्तृत और सुरक्षित होगी। शहरी विकास के अंतर्गत रोडवेज बस अड्डे के निर्माण के लिए 100 करोड़ रुपये तथा स्पोर्ट्स स्टेडियम के निर्माण के लिए भी 100 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। बाईपास निर्माण, सड़कों के चौड़ीकरण और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास पर भी तेजी से कार्य किया जा रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए क्रिटिकल केयर यूनिट और अस्पतालों के उन्नयन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। कार्यक्रम के समापन अवसर पर मंत्री ने ‘स्कूल चलो अभियान’ के प्रचार-प्रसार के लिए निकाले गए जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान मुख्यमंत्री का संदेश भी पढ़कर सुनाया गया, जिसमें ग्रामीणों से यह संकल्प लेने का आह्वान किया गया कि उनके क्षेत्र का कोई भी बच्चा स्कूल जाने से वंचित न रहे। कार्यक्रम में जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज, भाजपा जिलाध्यक्ष संजय मिश्रा, बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि, शिक्षक-शिक्षिकाएं, अभिभावक और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। यह आयोजन शिक्षा के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी और सामाजिक सहभागिता का प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आया।


* कंपोजिट विद्यालय बसंतपुर में ‘स्कूल चलो अभियान’ का आयोजन
* परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने कार्यक्रम में की शिरकत
* मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन से शुभारंभ
* बच्चों के साथ बैठकर मिड-डे मील का स्वाद लिया
* विद्यार्थियों को किताबें, यूनिफॉर्म व शैक्षणिक सामग्री वितरित
* 6 से 14 वर्ष तक के सभी बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का संकल्प
* बलिया में 477 करोड़ की लागत से मेडिकल कॉलेज प्रस्तावित
* नारायण पाली में 63 एकड़ में आधुनिक जेल का निर्माण
* रोडवेज और स्पोर्ट्स स्टेडियम के लिए 100-100 करोड़ की स्वीकृति
* बाईपास, सड़क चौड़ीकरण और स्वास्थ्य सेवाओं के विकास पर जोर
* जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर अभियान को गति
* कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और ग्रामीणों की व्यापक भागीदारी
शिक्षा का जनांदोलन बसंतपुर से उठी परिवर्तन की पुकार
बलिया जनपद के बसंतपुर स्थित कंपोजिट विद्यालय में आयोजित ‘स्कूल चलो अभियान’ केवल एक औपचारिक सरकारी कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह शिक्षा को जन-जन तक पहुंचाने का एक सशक्त सामाजिक अभियान बनकर सामने आया। उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह की उपस्थिति ने इस आयोजन को नई ऊर्जा और दिशा प्रदान की। कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि शिक्षा केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक प्रतिबद्धता है।
परंपरा और आधुनिकता का संगम
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जो भारतीय संस्कृति में ज्ञान और प्रकाश का प्रतीक है। यह दृश्य इस बात का संकेत था कि आधुनिक शिक्षा की दिशा में बढ़ते कदम अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े हुए हैं।
मिड-डे मील विश्वास और पारदर्शिता का प्रतीक
मंत्री दयाशंकर सिंह द्वारा बच्चों के साथ बैठकर मिड-डे मील का स्वाद लेना केवल एक प्रतीकात्मक कदम नहीं था, बल्कि यह सरकार की पारदर्शिता और बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इससे अभिभावकों में विश्वास बढ़ा कि उनके बच्चों को विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
शिक्षा से सशक्तिकरण की ओर
विद्यार्थियों को किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य शैक्षणिक सामग्री का वितरण इस बात का प्रमाण है कि सरकार आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए गंभीर प्रयास कर रही है। यह पहल न केवल बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाती है, बल्कि उन्हें विद्यालय आने के लिए प्रेरित भी करती है।
2017 के बाद शिक्षा क्षेत्र में परिवर्तन
अपने संबोधन में मंत्री दयाशंकर सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शिक्षा क्षेत्र में हुए सुधारों का उल्लेख किया। विद्यालयों के कायाकल्प, स्मार्ट क्लास, डिजिटल शिक्षा, स्वच्छ शौचालय, पेयजल व्यवस्था और शिक्षकों की नियुक्ति जैसे कदमों ने उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नई पहचान दी है।
बलिया के विकास की नई इबारत
कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने बलिया में चल रहे विकास कार्यों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। मेडिकल कॉलेज की स्थापना से जहां स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा, वहीं नई जेल का निर्माण सुरक्षा और प्रशासनिक दक्षता को बढ़ाएगा। रोडवेज बस अड्डा और स्पोर्ट्स स्टेडियम जैसे प्रोजेक्ट युवाओं के लिए नए अवसर प्रदान करेंगे।
स्वास्थ्य सेवाओं का सुदृढ़ीकरण
क्रिटिकल केयर यूनिट और अस्पतालों के उन्नयन की योजनाएं यह दर्शाती हैं कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता दे रही है। इससे गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए लोगों को अन्य शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, अभिभावकों और ग्रामीणों की व्यापक भागीदारी ने यह सिद्ध कर दिया कि ‘स्कूल चलो अभियान’ एक जनांदोलन का रूप ले चुका है। जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करना इस अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री का संदेश पढ़कर सुनाया गया, जिसमें प्रत्येक नागरिक से यह संकल्प लेने का आह्वान किया गया कि उनके क्षेत्र का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। यह संदेश समाज में शिक्षा के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी को रेखांकित करता है।
शिक्षा से ही समृद्धि का मार्ग
बसंतपुर में आयोजित यह कार्यक्रम इस बात का जीवंत उदाहरण है कि जब सरकार और समाज मिलकर कार्य करते हैं, तो परिवर्तन अवश्यंभावी होता है। ‘स्कूल चलो अभियान’ न केवल बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का माध्यम है, बल्कि यह एक समतामूलक और सशक्त समाज की नींव भी रखता है।



